भीलवाड़ा। ग्रामीण एवं अर्ध-शहरी युवाओं के कौशल विकास और व्यक्तित्व निखारने के उद्देश्य से रूडसेट संस्थान, सुवाणा में गुरुवार को पब्लिक स्पीकिंग एवं व्यक्तित्व विकास विषय पर विशेष प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रख्यात लाइफ कोच, मोटिवेशनल स्पीकर एवं पब्लिक स्पीकिंग ट्रेनर आचार्य देवेंद्र डाणी ने प्रशिक्षणार्थियों को प्रभावी संवाद और वक्तृत्व कला के व्यावहारिक पहलुओं से अवगत कराया।
प्रशिक्षण के दौरान आचार्य देवेंद्र डाणी ने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धी दौर में केवल ज्ञान अर्जित करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसे आत्मविश्वास और प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करना भी सफलता के लिए आवश्यक है। उन्होंने बताया कि प्रभावी संवाद में 55 प्रतिशत भूमिका बॉडी लैंग्वेज, 38 प्रतिशत वॉइस मॉड्यूलेशन और 7 प्रतिशत कंटेंट की होती है।
उन्होंने प्रतिभागियों को स्टेज फियर (मंच भय) दूर करने, प्रभावशाली स्टोरीटेलिंग, वॉइस कंट्रोल, ऑडियंस एंगेजमेंट, भाषण की प्रभावी शुरुआत और समापन जैसी महत्वपूर्ण तकनीकों की जानकारी दी। साथ ही उन्होंने व्यक्तित्व विकास से जुड़े व्यावहारिक सुझाव साझा करते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति प्रतिदिन लगभग 45 मिनट नियमित अभ्यास करे तो वह एक आत्मविश्वासी और प्रभावशाली वक्ता बन सकता है।
सत्र के दौरान प्रशिक्षणार्थियों ने पब्लिक स्पीकिंग, आत्मविश्वास और संचार कौशल से जुड़े कई प्रश्न पूछे। आचार्य डाणी ने वास्तविक जीवन के उदाहरणों के माध्यम से उनके प्रश्नों का समाधान करते हुए संवाद कौशल को बेहतर बनाने के व्यावहारिक उपाय बताए।
प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण सत्र को प्रेरणादायक, उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताते हुए कहा कि इससे उन्हें मंच पर बोलने का आत्मविश्वास बढ़ाने और अपने व्यक्तित्व को निखारने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम के समापन पर रूडसेट संस्थान परिवार की ओर से आचार्य देवेंद्र डाणी का आभार व्यक्त किया गया। इस अवसर पर संस्थान के प्रशिक्षक, स्टाफ सदस्य एवं बड़ी संख्या में प्रशिक्षणार्थी उपस्थित रहे।
