भीलवाड़ा। जिले के मांडलगढ़ थाना क्षेत्र में खंगारजी का खेड़ा के सुनसान जंगल में मिली अज्ञात युवक की लाश के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह वारदात लूट के उद्देश्य से की गई हत्या निकली।
जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारस जैन व वृत्ताधिकारी बाबूलाल के सुपरविजन में थाना अधिकारी घनश्याम मीणा के नेतृत्व में पुलिस व साइबर टीम की संयुक्त टीम गठित की गई थी।
ऐसे हुआ खुलासा
18 अप्रैल को जंगल में 2-3 दिन पुरानी लाश मिलने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। जांच में मृतक के गले पर धारदार हथियार से वार और सिर पर पत्थर से चोट के निशान मिले। पोस्टमार्टम के बाद अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।मृतक की जेब से मिली एक दवाई की शीशी के आधार पर पुलिस टीम जालौर जिले तक पहुंची। गुमशुदगी रिपोर्ट से मिलान करने पर मृतक की पहचान नागाराम (32) निवासी नया मोरसीम, थाना बागोड़ा (जालौर) के रूप में हुई।
मित्र ही निकला कातिल
तकनीकी साक्ष्यों और जांच में सामने आया कि मृतक का करीबी मित्र किशन ओड घटना के दिन मांडलगढ़ आया था। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने अपने साथियों ईश्वर, विनोद और कमलेश के साथ मिलकर हत्या करना स्वीकार कर लिया।
अफीम के बहाने बुलाकर की हत्या
आरोपियों ने मृतक को अफीम देने के बहाने जंगल में बुलाया और ब्लेड से गला काटकर तथा सिर पर पत्थर मारकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद उसकी जेब से करीब 70 हजार रुपये और कानों से सोने के आभूषण लूट लिए।
पुलिस टीम का योगदान
इस मामले के खुलासे में निम्न पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही:
थाना मांडलगढ़ टीम
घनश्याम मीणा (थानाधिकारी)जसवंत सिंह (थानाधिकारी, बडलियास)रामसिंह (उपनिरीक्षक)फूलचंद, रघुवीर सिंह (सहायक उपनिरीक्षक)अशोक कुमार, महेंद्र बिडियासर, राजाराम, हाकिम सिंह, भंवरलाल, मूलचंद, गोपाल लाल, रामराज, राजेंद्र, मनोज, इंद्र कुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी
साइबर टीम, भीलवाड़ा
आशीष मिश्रा (उपनिरीक्षक)दीपक कुमार, किशोर कुमार, चंद्रपाल सिंह, पिंटू कुमार, हेमंत कुमार, जितेंद्र सिंह
पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
