भीलवाड़ा,(अमित शर्मा)। माईएसबीए, संगम विश्वविद्यालय भीलवाड़ा एवं चार्ज के संयुक्त तत्वावधान में 31 अगस्त 2026 को संगम विश्वविद्यालय में “युवा उद्यमिता यात्रा” के अंतर्गत उद्यमिता सेमिनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले भर से 230 से अधिक युवाओं एवं प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यक्रम के संचालक श्री हंसराज ने बताया की युवा उद्यमिता यात्रा का उद्देश्य युवाओं एवं नव उद्यमियों को व्यवसाय शुरू करने, बिजनेस आइडिया विकसित करने, सरकारी योजनाओं, वित्तीय प्रबंधन, तकनीकी सहयोग एवं बाजार की आवश्यकताओं के संबंध में मार्गदर्शन प्रदान करना रहा।
कार्यक्रम के अध्यक्ष संगम विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. करुणेश सक्सेना ने विश्वविद्यालय द्वारा युवा सशक्तिकरण और उद्यमिता को प्रोत्साहित करने वाले प्रकल्पों को बताया । कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में डॉ. राजकुमार चतुर्वेदी जी उपस्थित रहे जिन्होंने राष्ट्र निर्माण मैं युवाओं की भूमिका के बारे में बताया।
यात्रा संयोजक प्रो. आर. एस. चोयल जी, अखिल भारतीय आईटी प्रमुख, स्वावलंबी भारत अभियान एवं निदेशक, स्वर्णिम भारतवर्ष फाउंडेशन ने युवाओं को उद्यमिता के विभिन्न अवसरों, नवाचार एवं आत्मनिर्भरता के महत्व के बारे में जानकारी दी। सेमिनार के माध्यम से युवाओं को आत्मनिर्भर बनने, नए व्यवसायिक अवसर तलाशने और रोजगार सृजित करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित प्रतिभागियों ने उद्यमिता एवं स्वरोजगार से जुड़े विषयों पर विशेषज्ञों से संवाद किया तथा अपने विचार साझा किए।
संयोजक डॉ मनोज कुमावत ने बताया की कार्यक्रम का प्रायोजन संगम आईटीबीआई (डीएसटी ) द्वारा किया गया जिसका उद्देश्य युवा उद्यमियों को मार्गदर्शन, मेंटरशिप एवं आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराकर उनके नवाचारों को सफल स्टार्टअप में परिवर्तन करना है। कार्यक्रम के संचालन में डॉ अनुराग शर्मा, राजस्व कौशिक, निशांत पारीक की महती भूमिका रही।
