समग्र शिक्षा के कनिष्ठ अभियंता के लिए मांगी जा रही थी रिश्वत, 8.82 लाख रुपये का बिल पास कराने के बदले मांगी थी रकम; 10 हजार नकद और 40 हजार की डमी करेंसी बरामद
भीलवाड़ा। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गुरुवार को भीलवाड़ा में बड़ी कार्रवाई करते हुए समग्र शिक्षा के कनिष्ठ अभियंता के कथित दलाल को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। आरोपी श्रेणीक चौधरी को गर्ग पेट्रोल पंप, रेलवे फाटक के पास परिवादी से रिश्वत की राशि लेते हुए पकड़ा गया। आरोपी अपनी स्विफ्ट कार में बैठकर रिश्वत की रकम ग्रहण कर रहा था।
एसीबी महानिदेशक पुलिस गोविन्द गुप्ता के अनुसार, परिवादी ने एसीबी चौकी भीलवाड़ा-प्रथम में शिकायत दी थी कि उसकी फर्म द्वारा रायपुर पंचायत ब्लॉक में करवाए गए सिविल कार्यों के 8 लाख 82 हजार 647 रुपये के प्रथम रनिंग बिल को पास कराने की एवज में समग्र शिक्षा कार्यालय में पदस्थापित कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट (संविदाकर्मी) द्वारा अपने कथित दलाल श्रेणीक चौधरी के माध्यम से 50 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही है। इसके अतिरिक्त 10 हजार रुपये टेस्टिंग के नाम पर अलग से मांगे गए थे।
शिकायत का सत्यापन करवाने पर कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट द्वारा 50 हजार रुपये की रिश्वत अपने दलाल श्रेणीक चौधरी को देने के लिए कहे जाने की पुष्टि हुई। इसके बाद अजमेर रेंज के डीआईजी नारायण टोगस के सुपरविजन में एसीबी चौकी भीलवाड़ा-प्रथम के उप अधीक्षक पारसमल के नेतृत्व में ट्रैप कार्रवाई की गई।
कार्रवाई के दौरान श्रेणीक चौधरी को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार कर लिया गया। एसीबी टीम ने मौके से रिश्वत राशि बरामद की, जिसमें 10 हजार रुपये असली भारतीय मुद्रा और 40 हजार रुपये डमी करेंसी शामिल है।
एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस स्मिता श्रीवास्तव एवं महानिरीक्षक पुलिस एस. परिमला के सुपरविजन में आरोपी से पूछताछ और आगे की कार्रवाई जारी है। मामले में कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट की भूमिका की भी जांच की जा रही है। एसीबी द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान किया जाएगा।
एसीबी ने आमजन से की अपील
एसीबी ने आमजन से भ्रष्टाचार के विरुद्ध अभियान में सहयोग करने की अपील करते हुए टोल फ्री नंबर 1064 और व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 94135-02834 जारी किया है। ब्यूरो के अनुसार इन नंबरों पर 24 घंटे शिकायत की जा सकती है।

